गुजरातः पूर्व उपतहसीलदार के पास मिली आय से अधिक 30 करोड़ की संपत्ति

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11 लग्जरियस कार, दो बंगले और 11 दुकानें सहित विविध कंपनियों में निवेश

गुजरात में सरकारी अधिकारियों के भ्रष्टाचार के मामले दिन ब दिन बढ़ते जा रहे है। बुधवार सुबह धोलका तहसीलदार को 25 लाख की रिश्वत लेते हुए रंगेहाथ गिरफ्तार किया गया है। वहीं अब कलोल के पूर्व उपतहसीलदार के पास आय से अधिक सम्पति मिलने की खबर है। पुलिस ने उपतहसीलदार के पास आय से अधिक 30 करोड़ की सम्पति होना का खुलासा किया है।

इसमें 11 लग्जरियस कार, दो बंगले, तीन फ्लैट, 11 दुकानें तथा रियल ऐस्टेट सहित विविध इकाइयों में निवेश किया है। जांच से पता चला है कि सेवानिवृत उपतहसीलदार की आय 24.97 करोड़ होनी चाहिए। परंतु मौके पर उसने 55.45 करोड़ का निवेश किये होने की जानकारी भी मिली थी।

गुजरात भ्रष्टाचार निरोधी विभाग का यह ऐतिहासिक मामला है। विरम देसाई कलोल में उपतहसीलदार के पद पर कार्यरत था तब उसके पास दो नंबरी संपत्ति होने की जानकारी मिली थी। इस जानकारी के बाद विविध पहलुओं का बारीकी से निरक्षण किया गया। जिससे पता चला कि उसके पास से बरामद संपत्ति उसके आय से 22 प्रतिशत अधिक अर्थात् 30 करोड़ रूपये है।

इस महीने तीन अपराध दर्ज किये गये हैं। जिसमें कुल 33 करोड़ रूपये की जानकारी मिली है। कहा जा रहा है कि उनकी पत्नी, पुत्र सहित अन्य संबंधियों के नाम पर भी अवैध संपत्ति खरीदी गई है। तकरीबन 18 सर्वे नंबरों में उनके दो प्लॉट, तीन फ्लैट, दो बंगले और 11 दुकानें है।

इस प्रकार उसने रियल ऐस्टेट में भी निवेश किया है। उसके नाम पर चेहर और जय रणछोड नामक दुकानें भी हैं। उसके पास 11 लग्जरियस कार हैं। जिसमें बीएमडब्ल्यू, ऑडी, रेन्जरोवर, जैगुआर सहित महंगी कारें शामिल है। उसके और उसके परिजनों के नाम तकरीबन 30 बैंक अकाउंट है। उसने कार के नाम पर तीन से चार करोड़ रूपये बैंक में ट्रांसफर भी किये हैं।

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