10 राज्यों में एनआईए और ईडी की PFI के ठिकानों पर छापेमारी

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छापेमारी के दौरान 100 से अधिक लोग गिरफ्तार

टेरर फंडिंग और कैंप चलाने के मामले में देशभर में पीएफआई यानी पॉपुलर फ्रंट ऑफ इंडिया (PFI) के खिलाफ बड़ा कार्रवाई की जा रही है। केरल, तमिलनाडु और यूपी समेत देश के 10 राज्यों में एनआईए और ईडी की टीम ने पीएफआई के स्टेट से लेकर जिला स्तर के नेताओं के घरों पर छापेमारी की है और उसके करीब 100 से अधिक कैडर को गिरफ्तार किया है। एनआईए और ईडी की रडार पर पीएफआई के चेयरमैन ओएमए सलाम भी हैं, जिनके घर पर आधी रात को छापेमारी की गई।

मिली जानकारी के अनुसार एनआईए और ईडी ने बुधवार की आधी रात को अचानक मलप्पुरम जिले के मंजेरी में पीएफआई अध्यक्ष ओएमए सलाम के घर पर छापेमारी की। छापेमारी अब भी जारी है और इस दौरान पीएफआई कार्यकर्ताओं ने विरोध प्रदर्शन किया। चेयरमैन के घर के बाहर सैकड़ों कार्यकर्ताओं का हुजूम दिखा। इतना ही नहीं, मंगलुरु में भी एनआईए छापेमारी के विरोध में PFI और SDPI कार्यकर्ताओं का प्रदर्शन भी जारी है।

एनआईए और ईडी ने मलप्पुरम जिले के मंजेरी में OMA सलाम, PFI अध्यक्ष के घर पर छापेमारी की। इस दौरान PFI कार्यकर्ताओं ने विरोध प्रदर्शन किया। इसके अलावा कर्नाटक के मंगलुरु में भी एनआईए की छापेमारी के खिलाफ PFI और SDPI के कार्यकर्ता प्रदर्शन कर रहे हैं। हालांकि इन्हें हिरासत में ले लिया गया है।

पॉपुलर फ्रंट ऑफ इंडिया (PFI) क्या है?
पॉपुलर फ्रट ऑफ इंडिया यानी पीएफआई का गठन 17 फरवरी 2007 को हुआ था। ये संगठन दक्षिण भारत में तीन मुस्लिम संगठनों का विलय करके बना था। इनमें केरल का नेशनल डेमोक्रेटिक फ्रंट, कर्नाटक फोरम फॉर डिग्निटी और तमिलनाडु का मनिथा नीति पसराई शामिल थे। पीएफआई का दावा है कि इस वक्त देश के 23 राज्यों में यह संगठन सक्रिय है। देश में स्टूडेंट्स इस्लामिक मूवमेंट यानी सिमी पर बैन लगने के बाद पीएफआई का विस्तार तेजी से हुआ है। कर्नाटक, केरल जैसे दक्षिण भारतीय राज्यों में इस संगठन की काफी पकड़ बताई जाती है। इसकी कई शाखाएं भी हैं।